समीक्षा, जूठन ओमप्रकाश वाल्मीकि
जिन दलित साहित्यकारों ने आत्मकथा लिखी उनमें सबसे महत्वपूर्ण तथा प्रसिद्ध ओमप्रकाश वाल्मीकि जी का “जूठन” है जो दो खंडों में प्रकाशित है। इस आत्मकथा में ओमप्रकाश वाल्मीकि ने अपने जीवन के भोगें सहे नग्न यथार्थ को और जातिवादी मानसिकता, वेदना को दिखाया है। ओमप्रकाश वाल्मीकि का जूठन ‘1997’ में प्रकाशित हुआ है और यह … Read more